भाभी


भीड़ तो बहुत थी,
मगर खालीपन दिल का,
दोस्तों के संग मिलने पे मिटा।
खाते ही रहे जीवन भर,
मगर भूख उस शाम,
भाभियों के हाथ से मिटा।

 

परमीत सिंह धुरंधर

The life is complete when it is with friends and family.

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